गुरु पूर्णिमा महोत्सव 29 जुलाई को सिद्धि विनायक आश्रम नवागांव (बुड़ेनी) में, भजन-कीर्तन, गुरु पूजन एवं विशाल भंडारे का होगा आयोजन
मगरलोड/धमतरी 28 जुलाई 2026। भारतीय संस्कृति में गुरु को ब्रह्मा, विष्णु और महेश के समतुल्य माना गया है। गुरु पूर्णिमा का पर्व गुरु के प्रति श्रद्धा, समर्पण और कृतज्ञता प्रकट करने का सर्वोच्च अवसर माना जाता है। इसी पावन अवसर पर 29 जुलाई 2026, बुधवार को श्री सिद्धि विनायक आश्रम, नवागांव (बुड़ेनी), नवापारा (राजिम) में भव्य गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी यह धार्मिक आयोजन माँ तारिणी शिष्य समिति के तत्वावधान में श्रद्धा एवं भक्ति भाव के साथ संपन्न होगा।
आयोजन समिति के अनुसार गुरु पूर्णिमा महोत्सव में छत्तीसगढ़ सहित आसपास के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु, संत-महात्मा एवं गुरु भक्त शामिल होंगे। कार्यक्रम के माध्यम से गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व को जन-जन तक पहुंचाने तथा आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों को सुदृढ़ करने का प्रयास किया जाएगा। महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं के लिए विविध धार्मिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। सुबह 10 बजे से भजन-कीर्तन एवं रामायण पाठ का शुभारंभ होगा, जिसमें भक्ति गीतों एवं रामचरितमानस के सस्वर पाठ से संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो उठेगा। इसके पश्चात दोपहर 12 बजे से चरण पादुका गुरु पूजन का आयोजन किया जाएगा, जिसमें श्रद्धालु अपने पूज्य गुरु के श्रीचरणों का पूजन-अर्चन कर आशीर्वाद प्राप्त करेंगे। वहीं दोपहर 2 बजे से विशाल भंडारे का आयोजन होगा, जिसमें सभी श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद की व्यवस्था रहेगी।
इस अवसर पर परम श्रद्धेय गुरुदेव श्री उमेशानंद गिरी, प्रदेश अध्यक्ष, श्री राष्ट्रीय संत सुरक्षा परिषद छत्तीसगढ़ (छत्तीसगढ़ मंडल श्री महंत) का सान्निध्य एवं आशीर्वचन श्रद्धालुओं को प्राप्त होगा। उनके मार्गदर्शन एवं आध्यात्मिक प्रवचनों से श्रद्धालुओं को धर्म, संस्कृति, सेवा और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलेगी।
आयोजन समिति ने बताया कि गुरु पूर्णिमा केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय गुरु-शिष्य परंपरा के प्रति आस्था और सम्मान व्यक्त करने का महापर्व है। यह दिवस जीवन में ज्ञान, संस्कार और आध्यात्मिक चेतना का संचार करने वाले गुरुजनों के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का अवसर प्रदान करता है। समिति ने सभी धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं एवं क्षेत्रवासियों से आग्रह किया है कि वे अपने परिवार सहित इस पावन आयोजन में शामिल होकर गुरु वंदना, भजन-कीर्तन, गुरु पूजन एवं महाप्रसाद का पुण्य लाभ प्राप्त करें तथा कार्यक्रम को सफल बनाने में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें।

